महिलाओं के लिए सेफ्टी टिप्स चौधरी श्रीश पटेल जी के सौजन्य से


!!ढाई-आखर!!

महिलाएं बच्चियां इसे जरूर पढ़ें समझे-जानकार मानते हैं कि किसी भी हादसे के लिए तीन चीजें जरूरी होती हैं – एक अपराधी, दूसरा शिकार और तीसरा मौका। इनमें से अगर एक भी न हो तो हादसा नहीं होता। इनमें सबसे आसान लेकिन जरूरी है मौका देने से बचना। इसके बाद आता है, खुद को शिकार बनने से रोकना और अपराधी से निबटना। जानते हैं कि अपराधी को मौका देने से कैसे बच सकती हैं आप:

चौधरी श्रीश पटेल जी

अपराधी को मौका न दें

विश्वास से भरपूर दिखें

ज्यादातर सेक्सुअल अटैक उन महिलाओं पर होते हैं, जिनकी बॉडी लैंग्वेज़ से कॉन्फिडेंस नहीं झलकता। अपराधी उन्हीं महिलाओं को शिकार बनाते हैं, जो आसान टारगेट होती हैं। ऐसे में जब भी सड़क पर चलें, सिपाही की तरह चलें, न कि छुई-मुई ऐक्ट्रेस की तरह। नीचे जमीन में सिर झुकाकर चलने की बजाय सतर्क और जागरूक दिखते हुए सामने देखते हुए चलें। अगर किसी इलाके के बारे में या रास्तों के बारे में नहीं जानतीं, तो अनजान लोगों के सामने यह बात उजागर न करें।

‘सेफ्टी बडी’ का साथ

यह ऐसा साथी होगा, जो बेशक आपके साथ न हो लेकिन दूर से ही काफी मददगार होगा। यह आपके माता-पिता, भाई-बहन, पति या दोस्त कोई भी हो सकता है। ‘सेफ्टी बडी’ आपको उस वक्त कॉल कर सकता है या आप उसे कॉल कर सकती हैं, जब आप गाड़ी/ऑटो में ड्राइवर के साथ अकेली हों। उसे आपके घर लौटने का वक्त पता होना चाहिए, ताकि थोड़ी भी देर होने पर आपको कॉल कर सके। ऑटो/कैब में बैठकर ड्राइवर को सुनाते हुए फोन पर सामने वाले को जोर-जोर से नंबर बताएं कि फलां नंबर के ऑटो/कैब से आ रही हूं और इतनी देर में पहुंच जाऊंगी। ड्राइवर को मालूम होगा कि उसकी गाड़ी का नंबर किसी को बता दिया गया है तो किसी भी हादसे को अंजाम देने से पहले कई दफा सोचेगा।

शालीन हो पहनावा

आप कुछ भी पहनने के लिए फ्री हैं, लेकिन बाहर निकलते वक्त हो सके तो शालीन कपड़े पहनें। अगर अकेले चलना है या सफर करना है तो यह भी ध्यान रखें कि कपड़े सहज हों और आप उनमें आरामदेह महसूस करें। कपड़े ऐसे न हों, जो एक झटके में फट जाएं या खुल जाएं या जिनमें आप दौड़ न सकें। चप्पल भी सुविधाजनक और मजबूत हों और ऊंची हील न हों तो बेहतर है। इससे जरूरत पड़ने पर आप दौड़ सकती हैं।

सफर के दौरान,पैदल चलते हुए

कभी भी अनजान लोगों से लिफ्ट न लें, चाहे कितनी ही मजबूरी क्यों न हो। ट्रैफिक की उलटी दिशा यानी कि सड़के के उस ओर चलें कि ट्रैफिक आपको सामने से आता दिखे। ऐसे में पीछे से हमला नहीं हो सकेगा। कई बार लड़कियां बाहर की तरफ थैला टांगकर चलती हैं। इससे बाइक वालों को छीना-छपटी का मौका मिल जाता है। थैला उस तरफ लटकाएं, जिधर दीवार है। अगर कोई कार सवार रास्ता पूछता है तो उससे दूरी बनाकर रखें। अगर कोई पीछा करता दिखता है तो जो भी घर सामने दिखे, उसकी कॉल बेल बजा दें और सारी स्थिति के बारे में बताएं। झिझकें कतई नहीं। इन बातों का दिन में भी ख्याल रखें :

ऑटो/कैब स्टैंड या प्री-पेड बूथ से लें कैब

रात में रास्ते से कोई भी कैब लेने के बजाय टैक्सी सर्विस या टैक्सी स्टैंड से ही कैब लें। दफ्तर से जाना हो तो फ्रंट डेस्क या बाउंसर के जरिए टैक्सी मंगाएं। ऐसे में आपके अलावा किसी और को भी जानकारी होगी कि गाड़ी कहां से आई है। ऑटो भी प्री-पेड बूथ से लें तो बेहतर है।

खाली बस से रहें दूर

ऐसी बस में न चढ़ें, जिसमें सिर्फ ड्राइवर और कंडक्टर हों। 4-5 लोग हों तो भी बस में न चढ़ें। कई बार ये लोग ड्राइवर-कंडक्टर के दोस्त या जानकार ही होते हैं। जिस ऑटो में पहले से पैसेंजर बैठे हों, उसमें न बैठें।

रास्ते हों भीड़ भरे और रोशन

कैब या ऑटोवाले से भीड़वाले रास्तों पर ही चलने को कहें। रास्ता लंबा बेशक हो, लेकिन जाना-पहचाना होना चाहिए। साथ ही, अंधेरे वाली जगहों से बचें। अपराधी ज्यादातर ऐसी ही जगहों पर ही अपना शिकार तलाशते हैं, ताकि बचकर भागने में आसानी हो।

चौकस रहें

ऑटो/कैब से जा रही हैं, तो आपको रास्तों की जानकारी होनी चाहिए। जिस इलाके में जा रही हैं, वहां के बारे में जान लें और रोड मैप अपने पास रखें या अपने स्मार्ट फोन में गूगल मैप का सहारा लें। एक और तरीका है। अगर आप रास्तों के बारे में अनजान हैं तो भी ड्राइवर के सामने यह बात उजागर न होने दें। अकेली हों तो गाड़ी में बिल्कुल न सोएं। सफर के दौरान चौकस रहें। रास्ते में पड़नेवाले पुलिस स्टेशन, चौकी या पीसीआर पर ध्यान दें।

तैयार रहें

ऑटो या टैक्सी का नंबर अपने मोबाइल में टेक्स्ट के रूप में तैयार रखें। थोड़ी भी गड़बड़ी लगे तो अपने किसी दोस्त या जानकार को नंबर एसएमएस कर दें। घर पहुंचने पर एक हाथ में घर की चाबी तो दूसरे में मोबाइल रखें। पुलिस और घर के नंबर स्पीड डायल पर रखें।

पार्टी के दौरान

अनजान लोगों से रहें दूरःकभी भी अनजान लोगों के साथ नजदीकी न बढ़ाएं। डांस के दौरान लड़कों के ज्यादा करीब न जाएं, चाहे वे आपके जानकार ही क्यों न हों।

निगाह रखें

सॉफ्ट ड्रिंक या वाइन कुछ भी लें बोतल अपने सामने ही खुलवाएं। ड्रिंक भी अपने सामने बनवाएं और ध्यान रखें कि उसमें कोई कुछ मिलाए नहीं। ड्रिंक खत्म करके ही उठें। अगर किसी मजबूरी में बाहर जाना ही पड़े तो दूसरा ड्रिंक बनवा लें।

होश न खोएं

इतनी शराब न पीएं कि होशोहवास खो बैठें। पार्टी के बाद अगर रात में साथियों के साथ ही रुकना पड़े तो काम पड़ने पर ऑफिस के सहयोगियों को कमरे में बुलाने के बजाय बार या रेस्टोरेंट में बुलाएं।

शॉपिंग मॉल या बीच पर

किसी भी शॉपिंग मॉल में कपड़े चेंज करते हुए आसपास गौर से देखें। कोई भी दरार या संदिग्ध कील या लाइट आदि दिखने पर कपड़े चेंज न करें। स्विमिंग सूट घर से या होटेल से कपड़ों के नीचे ही पहनकर जाएं तो बेहतर है। ऐसे में टूटे-फूटे चेंज रूम्स में कपड़े बदलने से बच सकती हैं। ट्रैवल के दौरान भीड़ भरी जगहों पर पिट्ठू बैग का इस्तेमाल करें, ताकि दोनों हाथ खाली रहें। जरूरत पड़ने पर आप अपना बचाव कर सकेंगी।

खुद ड्राइव करते वक्त

लॉक करके रखें
गाड़ी में सेंट्रल लॉक लगाकर ड्राइव करें। एसी है तो सारे शीशे चढ़ाकर रखें। अगर एसी नहीं है तो अपनी खिड़की लॉक करके रखें। बस एक ही शीशा खोलें।

म्यूजिक या फोन में खोएं नहीं

गाड़ी में तेज म्यूजिक चलाकर उसमें खोएं नहीं। गाड़ी ड्राइव करते हुए फोन पर बात न करें। ये न सोचें कि रात का वक्त है और पुलिस वाले देखेंगे नहीं तो गप्प मारकर सफर आसानी से कट जाएगा। इससे ध्यान भंग होता है और आप अपने आसपास आई मुसीबत को भांपने से चूक सकती हैं।

पार्किंग का रखें ध्यान

रात के वक्त बेसमेंट में कार पार्क करने से बचें। वहां मोबाइल काम करना बंद कर सकता है। गाड़ी ऐसी जगह पार्क करें, जहां भरपूर रोशनी हो। गाड़ी रिवर्स करके खड़ी करें ताकि जरूरत पड़ने पर तुरंत निकल सकें। चाबियां पहले से पर्स से निकालकर अपने हाथ में रखें। गाड़ी के पास जाकर पर्स खोलना और चाबी तलाशना हादसे को मौका दे सकता है। गाड़ी में बैठने से पहले अंदर झांककर देखें कि उसमें कोई पहले बैठा तो नहीं है।

गाड़ी खराब हो जाने पर

अगर सड़क पर अचानक कार खराब हो जाए तो सबसे पहले अपने घरवालों को या ऐसे किसी दोस्त या जानकार को कॉल करके अपनी स्थिति के बारे में बताएं, जो पास में रहता हो। तुरंत कार हेल्पलाइन को बुलाएं। ये नंबर हमेशा मोबाइल में होने चाहिए। जितनी देर में कोई मदद के लिए आए, उतनी देर खिड़की और दरवाजे बंद करके कार के अंदर बैठी रहें। अनजान लोगों से कतई मदद न लें।

अगर कोई रास्ता रोके

अगर कोई बाइक या कार लगाकर या कोई पेड़ आदि गिराकर या किसी हादसे का शिकार होने का बहाना कर आपकी कार रोक ले तो घबराएं नहीं। गाड़ी से उतरें नहीं। खिड़की-दरवाजे लॉक करके कार में ही बैठी रहें। पुलिस को कॉल करें। जैसे ही सामनेवाला उतरकर आपकी कार की ओर आने लगे, जल्दी से रिवर्स करें और कार भगा लें। भागना मुमकिन नहीं हो तो भी कार में ही बैठी रहें। इतनी देर में कोई-न-कोई मदद मिलने की पूरी उम्मीद होगी।

हमले की सूरत में क्या करेंआमतौर पर हम मानते हैं कि हमारे साथ ऐसा हादसा नहीं होगा, जबकि हर किसी को किसी भी स्थिति के लिए पूरी तरह तैयार रहना चाहिए। अगर हर स्थिति के बारे में पहले से सोचकर रखा होगा तो हालात से निबटना आसान होगा।

किसी भी हमले की सूरत में दिमाग काम करता रहे। सबसे जरूरी है कि हालात के मुताबिक तुरंत कदम उठाएं। हर स्थिति और जगह के मुताबिक ऐक्शन भी अलग हो सकता है, मसलन अगर आसपास कोई नहीं है तो बदमाश के गंदे कमेंट्स या इशारों को नजरअंदाज कर दें। आसपास कोई है तो पैदल भागना फायदेमंद हो सकता है, लेकिन सुनसान रास्ते पर ऐसा करना मुसीबत बढ़ा सकता है।

ध्यान रखें कि आपका मकसद अपराधी से मुकाबला करना या बहादुरी दिखाना नहीं, अपनी हिफाजत करना और कोई मदद मिलने तक हमलावर को रोके रखना है।

पुलिस का नंबर मोबाइल में स्पीड डायल पर रखें। किसी भी तरह की गड़बड़ी का शक होने पर फौरन डायल करें। अगर बोलने का मौका न मिले तो भी फोन ऑन रखें।

अगर किसी ने आपकी कार रोक ली और आसपास कोई नहीं दिख रहा तो कार से उतरकर भागें नहीं। गाड़ी के दरवाजे और खिड़कियां लॉक कर लें और अंदर ही बैठी रहें। फौरन 100 नंबर पर डायल करें। लगातार हॉर्न बजाती रहें। इससे लोगों से ध्यान उस ओर जाएगा। अगर कोई दिख जाए तो मदद को चिल्लाएं।

कोई दूसरी गाड़ी आपकी कार का पीछा कर रही है तो स्पीड बढ़ा लें। लगातार हॉर्न बजाती रहें और पुलिस चौकी पर जाकर रुकें। अगर चौकी नहीं मिलती तो थियेटर, अस्पताल या मॉल जैसे पब्लिक प्लेस पर जाकर रुकें। सीधे अपने घर न जाएं।

आपके पास हैं हथियार तमाम

  • पैदल जा रही हैं या कार से उतरने की नौबत आ ही जाए और हमलावर एकदम पास आ जाए तो पहले वार करें और जोरदार करें। हमेशा सामनेवाले के शरीर के नाजुक हिस्सों पर वार करें।
  • हमलावर की आंखों पर डीओड्रेंट स्प्रे करें। कुछ देर के लिए वह आंखें नहीं खोल पाएगा और आपको अगला कदम उठाने का मौका मिल जाएगा। एयर-फ्रेशनर व परफ्यूम को भी इसी तरह इस्तेमाल कर सकती हैं।
  • पिपर स्प्रे (मिर्च का स्प्रे) रखें। थोड़ा भी शक होने पर तुरंत निकालकर हाथ में थाम लें। जरूरत पड़े तो हमलावर की आंखों पर निशाना लगाकर स्प्रे करें। यह मार्केट में करीब 300-350 रुपये में मिल जाता है।
  • नेल फाइलर, नेलकटर, पेपर कटर से जोरदार हमला किया जाए तो काफी असरदार हो सकता है।
  • पर्स को घुमाकर कसकर हमलावर के मुंह पर मारें। अगर छाता है, तो उससे जोरदार हमला करें।
  • नाखून बड़े हैं तो उनसे हमलावर पर वार करें।
  • जूड़े की पिन, सेफ्टी पिन, पेन, डायरी या फोर्क कुछ भी है तो उससे हमला करें। ये छोटी-छोटी चीजें गहरी चोट पहुंचाती हैं।
  • हाई हील पहन रखी है तो तुरंत निकालकर हमलावर के चेहरे पर जोर से मारें।
  • अगर आसपास पत्थर दिख जाए तो दुपट्टे में रखकर घुमाकर मारें। हमलावर पास नहीं आएगा।
  • बेल्ट से भी जोरदार वार कर हमलावर को चोट पहुंचा सकती हैं।

यहां करें वार

  • आंखें, नाक, चेहरा, सिर या ठुड्डी
  • सोलर प्लेक्सेज़ (जहां पसलियां मिलती हैं और पेट शुरू होता है)
  • प्राइवेट पार्ट्स (यहां जोर से लगने से जान भी जा सकती है)
  • पेट में और घुटनों के पीछे कुहनी और घुटने से मारें तो हमलावर को चोट ज्यादा लगेगी।
    हमलावर पीछे से आए तो :
  • कोई बस में पीछे से आकर हाथ पकड़ ले या कमर पर हाथ रखने की कोशिश करे तो कुहनी से फौरन पीछे की ओर पेट पर वार करें। हील पहन रखी है तो उससे उसके पैर पर भी हमला कर सकती हैं
    हमलावर सामने से आए तो
  • एक पैर उठाकर हमलावर के प्राइवेट पार्ट्स या पेट पर मारें।
  • उस पर तेजी से और जोरदार अटैक करें। कुहनी से उसकी आंख, नाक और ठुड्डी पर वार करें। दोनों हाथों को जोड़कर आर्च बना लें तो घुमाकर दोनों ओर से वार कर सकती हैं।

हमलावर दोनों हाथों से गर्दन पकड़ ले तो

  • अपने दोनों हाथों को उसके हाथों के बीच लाएं और जोर-जोर से अंदर बाहर को करें। इससे उसकी पकड़ छूट जाएगी। इसके बाद उसके शरीर के नाजुक हिस्सों पर वार करें।

दुपट्टे की मदद लें

  • दुपट्टे को उछालकर हमलावर की गर्दन के चारों ओर कस लें। इसे पैरों में फंसाकर हमलावर को गिरा भी सकती हैं। हमलावर के जमीन पर गिरने के बाद आप हमलावर के चेहरे व पेट पर वार करें।

घूंसा ऐसे बनाएं

  • पंच बनाने का तरीका होता है। चारों उंगलियों को हथेली के अंदर की ओर मोड़ लें और अंगूठे को जमाकर ऊपर रखें। इससे वार करेंगी तो हमलावर को चोट ज्यादा लगेगी।

मोबाइल को बनाएं संकटमोचक आजकल ऐसे तमाम ऐप्स हैं, जिनका इस्तेमाल कर महिलाएं अपनी सुरक्षा को पुख्ता कर सकती हैं:

Circle of 6कीमतः फ्री, डाउनलोड करने के लिए आईओएस 4.0 और बाद के वर्जन की जरूरत इस ऐप के जरिए आप अपनी पसंद के 6 करीबी लोगों को सर्कल में जोड़ सकते हैं। आप अगर किसी मुसीबत में फंसते हैं तो यह ऐप अपने आप पहले से प्रोग्राम्ड अलर्ट मेसेज और आपकी सटीक लोकेशन सर्कल वाले दोस्तों को भेज देता है।

bSafeकीमतः एंड्रायड, आईओएस, ब्लैकबेरी और टैब्लेट के लिए फ्री यह एक जीपीएस बेस्ड सेफ्टी अलार्म सिस्टम है। इमरजेंसी के दौरान यह ऐप आपके चुने हुए फोन नंबरों पर एसओएस मेसेज भेज देता है। इसके लिए बस ऐप पर बने एक रेड बटन को दबाना होता है। इस ऐप के जरिए आपके चुनिंदा दोस्त जीपीएस के जरिए आपका सहयोग करेंगे -शेयर साभार!.

चौधरी श्रीश पटेल जी के सौजन्य से

शिवा पवार मुलतापी समाचार बैतूल

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