हेमंत देशमुख को रोजगार संबंधी विषय में पीएचडी।।


हेमंत देशमुख को रोजगार संबंधी विषय में पीएचडी

श्री देशमुख इससे पूर्व मध्यप्रदेश शासन में रोजगार एवं कौशल विकास बोर्ड अध्यक्ष (कैबिनेट मंत्री दर्जा) भी रह चुके है, तथा भारत सरकार के नॅशनल स्किल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन में सलाहकार के रुप मे कार्य कर रहे है। वे काफी वर्षो से रोजगार और कौशल विकास विषय पर कार्य कर रहे है। उन्होंने रोजगार और कौशल विकास के विभिन्न शोध संस्थाओ का अध्ययन किया एवं विदेशो में यात्रा कर वहाँ के रोजगार और कौशल विकास के नवाचारों को समझा। उस के परिणाम स्वरूप मध्यप्रदेश में भारत की पहली ग्लोबल स्किल एंप्लॉयमेंट सम्मिट का आयोजन हुआ।
श्री देशमुख ने अपना शोध कार्य रविंद्र नाथ टैगोर विश्वविधालय में एवं डॉ ऊषा वैद्य औऱ डॉ संगीता जौहरी के मार्गदर्शन में किया।

मध्य प्रदेश रोजगार एवं कौशल विकास बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष हेमंत विजयराव देशमुख को रविंद्र नाथ टैगोर यूनिवर्सिटी द्वारा पीएचडी की उपाधि प्रदान की गई। हेमंत विजयराव देशमुख द्वारा “सोशियोलॉजिकल स्टडी ऑफ स्किल इनीशिएटिव फॉर एंप्लॉयमेंट जनरेशन : ए पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप पर्सपेक्टिव विथ स्पेशल रिफरेंस टू मध्य प्रदेश ” के अंतर्गत देशमुख द्वारा यह रिसर्च किया गया ।

हेमंत देशमुख को रोजगार संबंधी विषय में पीएचडी।।


हेमंत देशमुख को रोजगार संबंधी विषय में पीएचडी

मध्य प्रदेश रोजगार एवं कौशल विकास बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष हेमंत विजयराव देशमुख को रविंद्र नाथ टैगोर यूनिवर्सिटी द्वारा पीएचडी की उपाधि प्रदान की गई। हेमंत विजयराव देशमुख द्वारा “सोशियोलॉजिकल स्टडी ऑफ स्किल इनीशिएटिव फॉर एंप्लॉयमेंट जनरेशन : ए पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप पर्सपेक्टिव विथ स्पेशल रिफरेंस टू मध्य प्रदेश ” के अंतर्गत देशमुख द्वारा यह रिसर्च किया गया ।

श्री देशमुख इससे पूर्व मध्यप्रदेश शासन में रोजगार एवं कौशल विकास बोर्ड अध्यक्ष (कैबिनेट मंत्री दर्जा) भी रह चुके है, तथा भारत सरकार के नॅशनल स्किल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन में सलाहकार के रुप मे कार्य कर रहे है। वे काफी वर्षो से रोजगार और कौशल विकास विषय पर कार्य कर रहे है। उन्होंने रोजगार और कौशल विकास के विभिन्न शोध संस्थाओ का अध्ययन किया एवं विदेशो में यात्रा कर वहाँ के रोजगार और कौशल विकास के नवाचारों को समझा। उस के परिणाम स्वरूप मध्यप्रदेश में भारत की पहली ग्लोबल स्किल एंप्लॉयमेंट सम्मिट का आयोजन हुआ।
श्री देशमुख ने अपना शोध कार्य रविंद्र नाथ टैगोर विश्वविधालय में एवं डॉ ऊषा वैद्य औऱ डॉ संगीता जौहरी के मार्गदर्शन में किया।