“अजब गांव की गजब दास्तां – रोंढा” पुस्तक का सांसद श्री डी डी उइके ने किया विमोचन


बैतूल। जिला मुख्यालय के समीपस्थ ग्राम रोंढा में रविवार को रामकिशोर दयाराम पंवार लिखित पुस्तक “अजब गांव की गजब दास्तां” का विमोचन बैतूल-हरदा-हरसूद सांसद श्री डीडी उइके और रामकिशोर पवार की माँ श्रीमती कसिया बाई पवार की गरिमामयी उपस्थिति में सम्पन्न हुआ।

रामकिशोर ने अपने गांव के बारे किताब लिख कर देश – दुनियां को रोंढ़ा के बारे में वह जानकारी देने का काम किया है। जिसे आने वाली पीढ़ी को गांव के बारे में पता चल सकेगा, कि यह गांव कितना समृद्ध एवं विकासशील था।

बैतूल-हरदा-हरसूद संसदीय क्षेत्र से सासंद श्री डीडी उइके ने ग्राम रोंढ़ा में पहली बार शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय परिसर रोंढ़ा में आयोजित पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में मां सरस्वती एवं पुण्य सलिला मां सूर्यपुत्री ताप्ती की पूजा अर्चना और दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।

कार्यक्रम में आमंत्रित सभी अतिथियों का पुष्पमाला से स्वागत सत्कार होने के बाद पत्रकार / लेखक रामकिशोर दयाराम पंवार रोंढ़ावाला की पुस्तक “अजब गांव की गजब दास्तां” का विमोचन करते हुए मध्यप्रदेश – महाराष्ट्र की सीमा पर बसे आदिवासी बाहुल्य बैतूल जिले से चुने गए भाजपा सासंद श्री दुर्गादास उइके ने अपने धारा प्रवाह भाषण में कहा कि जन्म देने वाली माँ की महिमा का बखान करते हुए कहा कि मै उन सौभाग्यशाली लोगों में से एक हूँ, जिसने अपने और लेखक रामकिशोर दयाराम पंवार के माता – पिता के संग चार धामों की यात्रा की है।

लेखक और उसके परिवार के साथ-साथ अपने पुराने सबंधो का जिक्र करते हुए सांसद ने कहा कि आज के कार्यक्रम में उपस्थित लेखक की माता श्रीमति कसिया बाई पंवार को सम्बोधित करते हुए कहा कि माँ की मौजूदगी किसी भी कार्यक्रम में चार चाँद लगा देती है। माता – पिता की सेवा का सौभाग्य हर किसी को नहीं मिलता है। जननी और जन्मभूमि दोनो माता है। आज रामकिशोर पंवार ने अपनी जन्मभूमि की महिमा को किताब का रूप देकर उसका कर्ज अदा कर दिया है। सासंद श्री उइके ने कहा कि माँ की महीमा अपरमपार है।

पुस्तक विमोचन कार्यक्रम में ग्राम रोंढ़ा में जन्मे दो दर्जन से अधिक शासकीय सेवानिवृत एवं शासकीय सेवारत लोगो तथा सेना के सेवानिवृत सैनिको का शाल श्री फल से सम्मान किया। गांव से निकल कर गांव की पहचान बनाने वाले, जिनका सम्मान किया गया वे अपने सम्मान को पाकर भाव विभोर हो गए।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से महाकौशल की संस्कारधनी नगरी जबलपुर से पधारे अंतराष्ट्रीय कवि माथुरकर जबलपुरी, पवार समाज संगठन के जिलाध्यक्ष बाबूलाल कालभोर, रोंढ़ा के श्री गुलाबराव कालभोर, श्री दीलिप ओमकार, श्री अशोक बारंगे, श्री चन्द्रशेखर मुल्लू देवासे, श्री मिसरू देवासे, बैतूल के नामचीन अधिवक्ता श्री प्रशांत गर्ग, ग्राम रोंढ़ा में पढ़े पूूर्व जिला भाजपा महामंत्री एवं शासकीय अधिवक्ता बलराम कुंभारे, अधिवक्ता संजय शुक्ला, पत्रकार सुनील पलेरिया,

मुलताई से जगदीश चन्द्र पवार, श्री कमल पवार, भाजपा मीडिया प्रभारी अखलेश परिहार, युवा कवि अजय पवार, इंजीनियर अनिल डिगरसे, सहायक इंजीनियर लक्ष्मण पवार, सहायक पशु चिकित्सा अधिकारी श्री दिनेश डिगरसे, लाडो फाऊडेंशन के अनिल यादव पहलवान, रेडक्रास सोसायटी के अध्यक्ष डाँ अरूण जयसिंहपुरे, श्री वायुसेना में कार्यरत रहे कैप्टन अशोक पंवार, मुन्नालाल डहारे, जनकलाल कड़वे, श्यामराव देशमुख जामठी,

ब्लाक कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष तरूण कालभोर,जनपद सदस्य ललीत बांरगे, तरूण पाठा, सुभाष कालभोर, विजेन्द्र पाठा, रमेश डिगरसे, जगदीश खपरिये, पत्रकार नीतिन अग्रवाल, राज मालवीय, मनोज अतुलकर, गौदन कालभोर, चन्द्रेश ओमंकार, युगेश देशमुख, कल्लू कोड़ले, प्रवीण चौधरी, संतोष कालभोर, राजेश तावरे, दयाराम चौधरी, मोहन डोंगरदिये, तोषण खपरिये, अनुकुल डिगरसे, रोशन देशमुख, सचिन हजारे, दुर्गाप्रसाद कसरादे आदि उपस्थित थे।

कार्यक्रम का संचालन श्री बी. आर. पंवार शिक्षक एवं श्री संजय पठाडे शेष और आभार प्रदर्शन श्री प्रदीप डिगरसे रोंढा द्वारा किया गया।