अनुसया सेवा संगठन द्वारा आज श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के पावन पर्व पर पौधा रोपित किया गया।


अनुसया सेवा संगठन मुलतापी द्वारा सभी के आराध्य श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर संगठन द्वारा पट्टन रोड सब जेल के सामने पौधा रोपित कर जन्माष्टमी पर्व मनाया गया साथ ही इस कार्यक्रम में उपस्तिथ सभी लोगों को पर्यावरण जागरूकता के लिये समझाईश दी गई व हर पर्व एवं शुभ कार्यों पर पौधा रोपित कर पालने का संकल्प दिलाया गया इस कार्यक्रम में उपस्तिथ कृष्णा साहू,रितिक जोशी,अखिलेश साहू,अभिशेक बचले,मनोज काले,सोनू बिहारे, सोनू डांगे उपस्तिथ थे

भारतीय जनता पार्टी नगर मंडल मुलताई मंडल स्वास्थ्य स्वयंसेवक प्रशिक्षण २०२१ का कार्यक्रम भाजपा कार्यालय मुलताई में आहुत हुआ।


न्यूज़ रिपोर्टर अभिषेक सोनी

MP में शुरू हुई बिजली कटोती , ग्रामीण इलाकों में 2-2 घंटे कर दिन में 6 बार कटौती शुरू, पूर्व मंत्री ने सरकार पर लगाया बड़ा आरोप


मुलतापी समाचार

मध्य प्रदेश में गंभीर बिजली का संकट आन पड़ा है. ग्रामीण इलाकों में 2-2 घंटे की कटौती शुरु हो गई है. 10-10 जिलों के क्लस्टर बनाकर बिजली की कटौती हो रही है. प्रदेश में बिजली की जरुरत 10 हजार MW है, लेकिन 8 हजार ही उपलब्ध है. जिसके चलते कमी को पूरा करने के लिए बिजली की कटौती शुरु हुई है.

बताया जा रहा है कि कोयला कंपनी ने सरकारी भुगतान नहीं होने पर सप्लाई बंद कर दी है. वहीं सिंगाजी पावर प्लांट में बिजली का उत्पादन आधा हो गया है. सिंगाजी पावर प्लांट की 2400 MW में से 1200 MW की बिजली उत्पादन इकाइयां भी बंद हैं. जबकि संजय गांधी पावर प्लांट में भी कोयला खत्म होने की कगार पर है. दोनों पावर प्लांट से बिजली उत्पादन रुकने से बिजली का संकट और गहरा सकता है.

वहीं कमल नाथ सरकार में ऊर्जा मंत्री रहे प्रियव्रत सिंह का सरकार पर बड़ा आरोप लगाया है. उनका कहना है कि सरकार बिजली खरीदकर भी जनता को बिजली नहीं दे पा रही है. सरकार ने सब्सिडी रोककर प्रदेश को बिजली संकट में डाल दिया है.

बिजली संकट – हो सकती है कटौती

बिजली अभियंता संघ ने भी राज्य सरकार को चेताया है. बिजली अभियंता संघ का कहना है कि कोयले की कमी के कारण बिजली सकंट के हालात बन रहे हैं. संघ ने सरकार से कोयले का भुगतान करके संकट से निजात देने की मांग की है. बिजली अभियंता संघ के महासचिव वीकेएस परिहार का कहना है कि सरकार से पहले ही हालात बता दिए गए थे.

मध्यप्रदेश में गहरा सकता है बिजली संकट

सारणी पावर प्लांट की 200 मेगा वाट इकाई, 210 मेगा वाट इकाई, सिंगाजी पावर प्लांट के 600 मेगा वाट की इकाई और बिरसिंहपुर पावर प्लांट की एक इकाई में बिजली उत्पादन बंद हो गया है. आने वाले समय मे हो सकती है बिजली कटौती

अल्प वर्षा होने से विद्युत उत्पादन प्रभावित होने से लोड शेडिंग के कारण विद्युत सप्लाई प्रभावित हो सकती है,असुविधा हेतु खेद है ।

जेई सब डिवीजनअधिकारी चौहान जी धनोरा, ब्लॉक पांढुर्ना, जिला छिंदवाड़ा

कोरोना वैक्सीन महा अभियान के तहत गांव में घर घर जाकर देर रात तक लगा रहे वैक्सिंग


देर रात तक लगा वैक्सीनेशन मैं सहयोग किया, संस्था द्वारा जागरूक किया गया लोगों को

संस्था अध्यक्ष मनमोहन पंवार इंटीरियर एरिया दूर दराज आदिवासी गांव में जाकर समाज सेवा का यह पुनित कार्य किया जा रहा है, आदिवासी गांव में जन जागरूकता अभियान कर रहे है

ग्राम घोघरी , गोविंदपुर , विकासखंड पांढुर्ना, जिला छिंदवाड़ा के वेक्सिन्स महाअभियान को लेकर  देर रात तक में घर घर में जाकर लोगो को लागया गया वेक्सिन्स

संस्था द्वारा को जागरूक कर प्रेरित कर, समझाइस देकर वेक्सिन्स लगाया गया, जिसमे शारदा राम मनमोहन शेक्षणिक एवम समाज सेवा समिति प्रमुख भूमिका अदा कर रही हैं जिसमे संस्था अध्य्क्ष मनमोहन पवार द्वारा एवम स्वास्थ्य विभाग से माधुरी पवार कम्युनिटी हेल्थ आफिसर सेक्टर सावाजपानी , संगीता खावसे आशा सुपरवाइजर, रिंधो धुर्वे एनम सेक्टर सावाजपानी, स्कूल शिक्षा विभाग से संजय माटे, शंकर उइके, बलवंत मसराम, प्रतिमा कोरडे, शेषराव बहाने रोजगार सहायक ग्राम पंचायत घोघरी , कुंजबिहारी बुवाडे अल्टर नेटिव वेक्सीन डिलेवर, सुनीता यू नाती गोविंदपुर रेवती हुई के घोघरी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता सुखवंती परतेती गोविंदपुर रंजना उइके घोघरी आशा कार्यकर्ता आदि कर्मचारी पूरी टीम घर घर जाकर वेक्सिन्स कार्य को कर रहे है

टीका लगाने वालों को लगेगा ‘आई एम वैक्सीनेटेड’ का स्टाम्प


मध्यप्रदेश। प्रदेश में 25 एवं 26 अगस्त को कोरोना संक्रमण से सुरक्षा कवच देने के लिये टीकाकरण महा-अभियान चलाया जायेगा। महा-अभियान के दौरान वैक्सीन लगवाने आये प्रत्येक नागरिक के हाथ के पंजे के पीछे की तरफ एक टिक और दो टिक के निशान वाला वैक्सीनेट स्टाम्प वैक्सीन लगवाने के बाद लगाया जायेगा।

एक टिक वाले स्टाम्प का अर्थ होगा कि व्यक्ति को वैक्सीन की पहली डोज लग चुकी है। दो टिक वाले स्टाम्प के मायने यह होंगे कि व्यक्ति को वैक्सीन के दोनों डोज लग चुके हैं और वह वैक्सीनेट हो चुका है। ऐसे व्यक्ति अपने हाथ पर लगे दो टिक वाले स्टाम्प को अपनी दो ऊँगलियों से वी (V) बनाते हुए सेल्फी के द्वारा यह संदेश देंगे कि ‘आई एम वैक्सीनेटेड’।

टीकाकरण महा-अभियान में किये जा रहे इस नवाचार में वैक्सीनेट हुए व्यक्तियों की वैक्सीनेट स्टाम्प के साथ फोटो ली जाकर सोशल मीडिया पर शेयर की जायेगी। इससे आमजन में वैक्सीन के प्रति जागरूकता बढ़ेगी। आम नागरिक वैक्सीन लगवाकर सीएम ईवेंट पोर्टल पर भी अपने फोटो अपलोड कर सकेंगे। इसके लिये मार्गदर्शिका जारी की गई है।

जिले में धूमधाम से मना गया भुजलिया पर्व


फोटो – ग्राम भडूस में मनाया भुजलिया पर्व।

बैतूल। बैतूल जिले में प्रतिवर्ष के अनुसार इस वर्ष भी धूमधाम से भुजलिया पर्व मनाया गया और भुजलिया का विसर्जन पारंपरिक रूप से किया गया।

फोटो – ग्राम खेड़ीसाँवलीगढ़ में मनाया भुजलिया पर्व।

भुजलिया पर्व रक्षाबंधन के दूसरे दिन मनाया जाने वाला त्यौहार है जिसे शहर से लेकर गांव तक में बडी़ धूमधाम से मनाया जाता है और भुजलिया विसर्जन के लिये महिलाओ में खूब हर्षोल्लास रहता है।

महिलाओं के द्वारा भुजलिया विसर्जन से पूर्व भुजलिया की आरती की जाती है और अपनी कामनाओं के साथ भुजलिया का विसर्जन किया जाता है। जिसके लिए माताएं-बहनें भारी संख्या में जुड़ती है और अपनी पारंपरिक रूप से भुजलिया का विसर्जन किया जाता है। महिलाओं के द्वारा एक दूसरे के ऊपर पानी की बौछार की जाती है और एक दूसरे को भुजलिया देकर सुख समृद्धि की कामना की जाती है।

प्रदीप डिगरसे मुलतापी समाचार बैतूल

शाजापुर कालापीपल -सोयाबीन की फसल में हुए नुकसान को लेकर ग्राम लसूड़लिया मलक के किसानों ने दिया ज्ञापन…


ज्ञापन देते हुए किसान

कालापीपल क्षेत्र के ग्राम लसूड़लिया मलक मे वर्ष 2021 खरीफ की फसल सोयाबीन पूरी तरह से ख़राब हो चुकी है ग्रामीणों का कहना है की फसल का सर्वे करवाया जाए किसानों ने बड़ी उम्मीदों के साथ सोयबीन की फसल लगाई थी समय समय पर खाद दवाई का छिड़काव भी किया कुछ दिनों पहले तक फसलों की स्थिति बेहतर थी फसल देखकर किसान खुश थे लेकिन अब फसल पर प्राकृतिक प्रकोप आने लगा है सोयाबीन फसल पूरी तरह से बाँझ हो चुकी है लसूड़लिया मलक के किसानों द्वारा कालापीपल तहसील कार्यालय पहुंचकर तहसीलदार श्री रमेश सिसौदिया को ज्ञापन सौंपकर ज्ञापन में कहा गया कि सोयाबीन फसल का तत्काल सर्वे कराकर शासन के नियमानुसार राहत राशि प्रदान की जाए….

हर घर नल जल पहुंचाना पहली प्राथमिकता: निलय डागा


2 करोड़ रुपए से अधिक की नल जल योजना का विधायक ने किया शिलान्यास


बैतूल। 
निकट भविष्य में बैतूल विधानसभा क्षेत्र के ग्रामीणों को पीने के पानी के लिए संघर्ष नहीं करना होगा। मीलों दूर से पानी ढो कर लाने की मशक्‍कत से ग्रामीण महिलाओं को निजात मिलने जा रही है। उल्लेखनीय है कि विधायक निलय विनोद डागा ने शनिवार को बोरगांव, भडूस और देवगांव में 2 करोड़ रुपए से अधिक की नल जल योजना का शिलान्यास किया। योजना को मूर्त रूप प्रदान करने विधायक श्री डागा ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को भी निर्देशित किया है। अब बोरगांव, भडूस और देवगांव के अंतर्गत आने वाले छोटे-छोटे ग्रामों में निवासरत हजारों ग्रामीणों को हर घर नल योजना के तहत नल कनेक्शन दिए जाएंगे। इस योजना से ग्रामीणों को सीधा फायदा होगा। 

पेयजल सप्‍लाई से जुड़ेंगे ये गांव

विधायक निलय डागा ने बोरगांव में 1.02 करोड़, भडूस 84.09 लाख देवगांव 48.40 लाख रुपए की नल जल योजना का शिलान्यास किया है। बोरगांव, भडूस और देवगांव के अंतर्गत डुडाबोरगांव, कुम्हली, गढा, आमला, रोंढा, दनोरा, ढोढवाड़ा, बाबई, महदगांव को पेयजल सप्लाई से जोड़ा जाएगा। हजारों परिवार पेय जल सप्‍लाई योजना से जुड़कर लाभान्वित होंगे।

पेयजल समस्या का हमेशा के लिए होगा निदान

विधायक श्री डागा ने बताया कि लगभग 2 करोड़ 34 लाख 40 हजार की लागत से इन ग्रामीण क्षेत्रों की हर गली में पाइप लाइन बिछाई जाएगी। इससे गांव की पीने के पानी की गंभीर समस्या का हमेशा के लिए निदान हो जाएगा और लोगों को पीने के लिए शुद्ध पेयजल मिलेगा। योजना के तहत घर-घर नल कनेक्शन दिए जाएंगे।

कार्यक्रम में यह रहे मौजूद

इस अवसर पर विधायक के साथ मुख्य रूप से ब्लॉक अध्यक्ष तरुण कालभोर, युवक कांग्रेस अध्यक्ष लवलेश बब्बा राठौर, मिथिलेश राजपूत, कैलाश राजपूत, भाऊराव पटेल, मनोज धोटे, राजेंद्र साठे, प्रकाश धोटे, यतींद्र सोनी, सुरेंद्र सिंह चंदेल, मनीष धोटे, सुभाष राठौर, भद्दू झर्रे, आकाश भाटिया, कमलेश धोटे, केदार पटेल, चंद्रभान सिंह, राजू चौबे, मोनू पवार, मोनू बडोनिया, बाबूलाल पवार, भीम पवार सहित अनेक ग्रामीण जन मौजूद थे।

विधानसभा क्षेत्र के 29 गांवों को मिली है सौगात

गौरतलब है कि बैतूल विधानसभा के 29 गांवों में पेयजल संकट को देखते हुए विधायक निलय विनोद डागा ने 15 करोड़ 58 लाख रुपये की नल जल योजना को स्वीकृति प्रदान करवाई है। शनिवार बोरगांव, भडूस और देवगांव अंतर्गत आने वाले 13 गांव में नल जल योजना का भूमि पूजन किया गया है, जल्द ही बैतूल आठनेर अंतर्गत आने वाले ग्रामों में भी इस योजना का भूमि पूजन किया जाएगा।

भुजलिया विषमताओं और विपिन्नताओं में भी साहस बनाएं रखने और जीवटता के साथ जीवन जीने का प्रतीक पर्व


मुलतापी समाचार

भुजलिए से जुड़ना वीर संस्कृति से जुड़े होने का प्रमाण है। वीर विक्रमादित्य से लेकर भोज तक हमें अनेकों वीर पूर्वजों के वंशज होने का सौभाग्य प्राप्त है

वीर मरने पर भी अजर-अमर होते हैं , उनका मरण भी पर्व हो जाता है, भुजलिया पर्व यही सिखाता है।
भोपाल।भुजलियां (बाहुड़ल्या,भुजरियां, कजलियां) विषमताओं और विपिन्नताओं में भी साहस बनाएं रखने और बिना किसी शिकवे- शिकायत के पूरी वीरता और जीवटता के साथ जीवन जीने का प्रतिनिधित्व करते हैं। अंधेरे में,बिना प्रकाश और हवा के अंकुरित होकर बढ़ने और अभावों में भी जीने की भुजलियों की जिजीविषा हमारे जीवन का प्रतिनिधित्व करती, हमारे काफी करीब प्रतीत होती है । उनकी इसी विशेषता के कारण समाज में उन्हें पूजा जाता है, सर- आंखों पर बिठाया जाता है और हाथों हाथ लिया जाता है।

भुजलिए को राखी के पाड़वे पूजा जाता है,बहन बेटियां सिर पर रखकर गली और गांव में खुशी प्रदर्शित करती हैं। शाम को किसी जल स्रोत पर जाकर उन्हें विसर्जित कर खुटती हैं। और खुटे भुजलिए परस्पर एक दूसरे के सिर पर रखकर ,कान में खोंचकर या हाथों में देकर परस्पर शुभकामनाओं और आशीर्वाद का आदान-प्रदान किया जाता है। वीर मरने पर भी अजर-अमर होते हैं , उनका मरण भी पर्व हो जाता है, भुजलिया पर्व यही सिखाता है।

भुजलिएं वीर संस्कृति का द्योतक हैं।अपनी बहन की रक्षा के लिए भाई द्वारा प्राणोंत्सर्ग कर देने का प्रतीक पर्व हैं। वीरता ही मनुष्य का आभूषण होती है और वीर ही पूजे जाते हैं। वीरता के कारण ही आल्हा ऊदल की वीरता का घर घर पाठ किया जाता है।

भुजलिए से जुड़ना वीर संस्कृति से जुड़े होने का प्रमाण है। वीर विक्रमादित्य से लेकर भोज तक हमें अनेकों वीर पूर्वजों के वंशज होने का सौभाग्य प्राप्त हुआ है ।बहन को सम्मान देने और उसे अपने प्राणों से भी प्रिय मानने का प्रतीक पर्व भुजलिया आज भी भाई बहन के अटूट प्रेम को प्रदर्शित करता है।

नागपंचमी पर्व के पाड़वे से याने कि भुजलिया बोने के दिन से बहन बेटियों के घर मायके से रोटी के साथ पिठौरा भेजने की प्रथा भाई बहन के अटूट विश्वास और प्रेम का प्रतीक हैं।

परम्पराएं परस्पर प्रीत जगाती हैं, संबंधों में प्रगाढ़ता लाती है । भुजलिया और राखी पर्व इसके जीते-जागते प्रमाण हैं। आज भी हमारे घरों में सावन के महीने भर आल्हा ऊदल की वीरता का पाठ किया जाता है और उनसे प्रेरणा ली जाती हैं। आल्हा खंडों का वाचन वीरता का सम्मान है। और यह सम्मान केवल वीर पुरुष ही दे पाते हैं।
आपका सुखवाड़ा ई-दैनिक और मासिक भारत

मनमोहन पवार किये गये एसडीएम मुलताई से सम्मानित


सम्मान/प्रशंसा

चित्र -एसडीएम मुलताई श्री मनमोहन पवार को प्रशस्ति-पत्र देते हुए


मुलताई। श्री मनमोहन पवार मुलतापी समाचार पत्र के संपादक और
शारदा राम मनमोहन शेक्षणिक एवं समाज सेवा समिति मुलताई के अध्यक्ष हैं।

कोरोना काल में आपके द्वारा स्वयंसेवक के रूप में क्षेत्र में जनजागृति लाने हेतु लगातार कारगर प्रयास किये गये और शासन द्वारा निर्धारित मानदंडों को मानने हेतु आम जनता को सदैव सचेत और जागरूक करते रहें।

आपकी इन्हीं सेवाओं को ध्यान में रखकर SDM मुलताई श्रीमती हर सिमरनप्रीत कौर,जनपद पंचायत प्रभात पटट्न के
सीईओ श्री सुरेश कुमार इंदोरकर जी एवं जनपद पंचायत मुलताई के सीईओ श्री मनीष शेंडे जी
द्वारा प्रशस्ति-पत्र देकर आपको सम्मानित किया गया।

इस अवसर पर श्री जय प्रकाश परते ब्लॉक कोर्डिनेटर जनअभियान परिषद और उनकी टीम की भी प्रशंसा की गई।

आपका सुखवाड़ा ई-दैनिक और मासिक भारत।

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